
दिनांक 31 अगस्त, 2026 को रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव द्वारा विडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से तथा नेपालगंज रोड रेलवे स्टेशन पर आयोजित कार्यक्रम में उपस्थित मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश, श्री योगी आदित्यनाथ द्वारा पूर्वोत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के बहराइच से नेपालगंज रोड के मध्य नये आमान परिवर्तित विद्युतीकृत रेलखण्ड पर ट्रेन सेवा की शुरुआत की गयी।
लगभग ₹730 करोड़ की लागत से (56.15 किमी) पूर्वोत्तर रेलवे के नेपालगंज रोड-नानपारा-बहराइच इस का आमान परिवर्तन किया गया है।नेपालगंज रोड-नानपारा-बहराइच रेलखण्ड अब ब्रॉड गेज रेलवे नेटवर्क का हिस्सा बन गया है।
नेपालगंज रोड-नानपारा-बहराइच मीटर-गेज रेल रेल खण्ड मूल रूप से 15/12/1886 में बंगाल और उत्तर पश्चिमी रेलवे (Bengal & North Western Railway Company B&NW) द्वारा बनाया गया था।
आमान परिवर्तन और विद्युतीकरण का काम पूरा होने के साथ, बहराइच, रिसिया, मटेरा, नानपारा, बाबागंज और नेपालगंज रोड स्टेशनों के लिए बेहतर कनेक्टिविटी मिल रही है।इस अवसर पर नेपालगंज रोड से वाराणसी सिटी तक (वाया नानपारा, बहराइच, गोण्डा, बढ़नी, सिद्धार्थनगर, गोरखपुर) विशेष गाड़ी का संचालन किया गया ।
ट्रेन सेवाओं का नेपालगंज रोड तक विस्तार
यात्रियों की कनेक्टिविटी को और बेहतर बनाने के लिए, रेल मंत्रालय ने 14213/14214 वाराणसी-बहराइच एक्सप्रेस, 15132/15131 वाराणसी सिटी-गोरखपुर एक्सप्रेस और 75109/75110 व 75111/75112 गोंडा-बहराइच ट्रेन सेवाओं की दो डेमू जोड़ियों को नेपालगंज रोड तक बढ़ाने की मंज़ूरी दी है। उपरोक्त चारो गाड़ियों का नियमित संचालन किया जाएगा।
इन सेवाओं से नेपालगंज रोड और आस-पास के इलाकों के यात्रियों को गोंडा, गोरखपुर, वाराणसी और अन्य प्रमुख शहरों के लिए सीधी रेल कनेक्टिविटी मिलेगी।बेहतर कनेक्टिविटी से पड़ोसी देश नेपाल के लोगों को भी फ़ायदा होगा, खासकर उन्हें जो रोज़गार, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, व्यापार और अन्य कामों के लिए सीमावर्ती इलाकों में आते-जाते हैं।
माल यातायात के लिए नानपारा व नेपालगंज रोड स्टेशनों पर गुड्स साइडिंग की शुरुआत
पूर्वोत्तर रेलवे द्वारा नेपालगंज रोड-नानपारा-बहराइच रेल खंड के आमान परिवर्तन का कार्य पूरा होने के पश्चात भारत-नेपाल सीमा पर अवस्थित नेपालगंज रोड तथा नानपारा स्टेशनों पर माल यातायात की सुविधा उपलब्ध कराने हेतु यहाँ माल लोडिंग/अनलोडिंग हेतु गुड्स साइडिंग बनाई गई है।
यहाँ उन्नत प्रकाश के लिए हाई मास्ट टावर लगाया गया है। श्रमिकों के लिए शेड, पानी पीने के लिए नल तथा प्रसाधन की सुविधा उपलब्ध कराई गयी है। इन स्टेशनों को फर्टिलाइज़र, नमक, सीमेंट, अनाज और रेलवे मैटेरियल कन्साइनमेंट के फुल रेक में आने वाले और बाहर जाने वाले माल यातायात के लिए इसे खोल दिया गया है।
बड़ी लाइन की सीधी सुविधा से स्थानीय उत्पादों के लिए बड़े बाज़ारों तक बेहतर पहुँच मिलेगी और सीमावर्ती इलाकों तथा उत्तर प्रदेश और उसके बाहर के प्रमुख शहरों के बीच आर्थिक संबंध मज़बूत होंगे। इन स्टेशनों पर गुड्स शेड प्रातः 06.00 बजे से रात्रि 10.00 बजे तक खुले रहेंगे।